अपनी बदहाली पर पिछले कई वर्षों से आंसू बहा रहा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भिटौली
रिपोर्ट -समित अवस्थी
बाराबंकी- जहां सरकार नई-नई योजनाएं ला करके तराई क्षेत्र में विकास को बढ़ावा दे रही है और स्वास्थ्य के संबंधित सेवाओं को बढ़ावा दे रही है वहीं पर कुछ अधिकारियों व कर्मचारियों की कुंभकरण नींद के कारण अपनी बदहाली पर कई वर्षों से आंसू बहा रहा है प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भिटौली, सूरतगंज जनपद बाराबंकी
आपको बताते चले की प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भिटौली 15 से 17 किलोमीटर की दूरी में एक ही स्वास्थ्य केंद्र है जहां पर की लाखों की तादाद में ग्राम वासी रहते हैं जबकि सूत्रों द्वारा प्राप्त जानकारी के अनुसार परिसर में पिछले कई वर्षों से बाउंड्री वॉल टूटी पड़ी हुई है जिससे कि मरीज और डॉक्टर को व परिसर के अन्य स्टाफ फो आवारा जंगली जानवरों से जान माल का खतरा हमेशा बना रहता है
और तो और डॉक्टर आवास खंडहर मैं तब्दील है सारी खिड़कियां टूटी पड़ी हुई है फर्श की धज्जियां उड़ गई है देखने पर लग रहा है कि काफी वर्षों से इन आवासों की मरम्मत नहीं हुई है पानी सप्लाई की टंकी तो शो पीस में ही खड़ी है टंकी की हर एक सप्लाई टूटी-फटी पड़ी हुई है
जब इस विषय में परिसर के कर्मचारियों से मौखिक वार्ता की गई तो पता चला कि इसकी जानकारी कई बार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अधीक्षक सूरतगंज को दी गई और मुख्य चिकित्सा अधिकारी बाराबंकी को भी दी गई है
हालांकि इस विषय जानकारी हेतु सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अधीक्षक सूरतगंज को और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को फोन द्वारा संपर्क करने की की बार कोशिश कि ग इ परंतु दोनों अधिकारियों ने फोन उठाना उचित नहीं समझा जबकि पिछले कुछ दिनों पहले सोशल मीडिया पर सुनने में आया था कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि जिले के अधिकारी स्वयं शिवजी नंबर पर कॉल उठाएं और जनता की समस्या को सुने परंतु उनके आदेशों को दरकिनार रख रहे दोनों अधिकारी फिलहाल फैसला समय की गोद में




