माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया रामनगर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का किया हवाई सर्वेक्षण।

रिपोर्ट:- शमीम
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज जनपद बाराबंकी तहसील रामनगर क्षेत्र बाढ़ प्रभावित क्षेत्र गांव पर्वतपुर, सरसंडा, जमका एवं खुज्झी का हवाई सर्वेक्षण किया। सर्वेक्षण उपरांत माननीय मुख्यमंत्री ने रामनगर क्षेत्र सुप्रसिद्ध लोधेश्वर महादेवा में पूजा अर्चना कर
महादेवा ऑडिटोरियम उपस्थित जनसमूह को सम्बोधित करते समय
कहा कि प्रदेश सरकार हर पीड़ित की सहायता करने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रदेश के लगभग 38 जनपद ऐसे हैं जिनमें सामान्य या उससे अधिक बारिश हुई है।
इन जनपदों के कुछ क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इन जनपदों के बाढ़ वाले क्षेत्रों में प्रभावित लोगों के लिए राहत कार्य लगातार किए जा रहे हैं। माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महादेवा ऑडिटोरियम में रामनगर तहसील के 80 बाढ़ पीड़ितों को राहत किट वितरण किया।
अपने सम्बोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि आज रक्षाबंधन के पावन पर्व पर बाराबंकी जनपद बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का सर्वेक्षण किया है। उन्होंने कहा कि बाढ़ पीड़ितों के लिए सरकार की योजनाओं में हर पात्र पीड़ित के लिए योजना का लाभ दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हर पीड़ित के लिए शासन द्वारा व्यवस्था की है, राहत किट में दैनिक प्रयोग की आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति बाढ़ पीड़ितों के लिए की जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ में कहा कि आपदा राहत कोष से नियमानुसार धनराशि भी पीड़ितों को दी जा रही है। जिनके मकान बाढ़ में क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें नियमानुसार मुआवजा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जनहानि के रूप में भी चार लाख रुपए प्रदान किए जाने की व्यवस्था है, इसे भी उपलब्ध कराया जा रहा है। बाढ़ तथा सर्पदंश एवं सांड द्वारा मारे जाने पर भी आपदा राहत राशि दी जा रही है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रामनगर में बाढ़ से जो मार्ग क्षतिग्रस्त हुए हैं, उनके पुनर्निर्माण तथा जो स्कूल व पंचायत भवन क्षतिग्रस्त हो गया है उसका भी पुनर्निर्माण किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इसके लिए जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा कि डबल इंजन की सरकार पीड़ितों के साथ सदैव खड़ी है। माननीय मुख्यमंत्री जी ने अपने सम्बोधन में रक्षाबन्धन पर्व की बधाई देते हुए कहा कि रक्षाबन्धन का पर्व न केवल भाई बहन का पवित्र पर्व है, बल्कि हम सभी को इस अवसर पर समाज में पीड़ितों, शोषितों, वंचितों के साथ मजबूती के साथ खड़े रहकर सुरक्षा का एक कवच बनना चाहिए।




