शनिवार सुबह एक युवक अपने दो छोटे बच्चों के साथ 120 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ा।

रिपोर्ट :- नीरज शर्मा
हरदोई। शनिवार सुबह एक युवक अपने दो छोटे बच्चों के साथ 120 फीट ऊंचे मोबाइल टावरपर चढ़ गया। उसने आरोप लगाया कि रिश्तेदारों ने उसके साथ मारपीट की। शिकायत करने पर दरोगा ने भी उसे पीटा। 20 हजार रुपए रिश्वत भी मांगी। दरोगा ने धमकी दी कि पैसे नहीं दिए तो झूठे मुकदमे में जेल भेज दूंगा।
युवक ने टावर से एसपी के नाम लिखे दो पत्र भी नीचे फेंके। इसमें लिखा था कि अगर उसकी मौत होती है तो इसके जिम्मेदार दरोगा और उसके रिश्तेदार होंगे।
युवक के टावर पर चढ़ने की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ लग गई। पुलिस व प्रशासन की टीम पहुंची। सीओ ने मामले में कार्रवाई का आश्वासन दिया। करीब सवा दो घंटे तक चला हंगामा। इसके बाद दोपहर करीब 2 बजे युवक अपने दोनों बच्चों के साथ सुरक्षित नीचे उतर आया।
घटना मल्लावां थाना क्षेत्र के भगवंतनगर गांव की है। राकेश (56) कैंसर से पीड़ित हैं। उनकी छोटी बेटी छाया और दामाद बबलू पिछले तीन साल से मायके में रहकर उनकी देखभाल कर रहे हैं।
बबलू का आरोप है कि ससुर राकेश के इलाज का छाया की बड़ी बहन रमा, उसका पति अंकित और साला लवकुश विरोध करते हैं। इसी को लेकर 15 जुलाई की रात अंकित और उसके साथियों ने उसके साथ मारपीट की।
बबलू उसी रात शिकायत लेकर कोतवाली पहुंचा, लेकिन दरोगा राधेश्याम सिंह ने दोनों पक्षों पर समझौते का दबाव बनाया। आरोप है कि समझौता न करने पर पुलिस ने उसके ससुर से ही उसके खिलाफ शिकायती पत्र लिखवा लिया।
शुक्रवार को कोर्ट में एक मुकदमे की पेशी से लौटने के बाद दरोगा राधेश्याम सिंह और सिपाही हरेंद्र ने उसे हिरासत में लेकर मारपीट की। शांति भंग की धारा में उसका चालान कर दिया।
शनिवार सुबह करीब 11:45 बजे बबलू अपने 7 साल के बेटे वैभव और 5 साल की बेटी गौरी को लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया। टावर के ऊपर से उसने दो लेटर नीचे फेंके। एक लेटर में बबलू ने अपनी मौत के लिए दरोगा, सिपाही, साली, साढू और साले को जिम्मेदार ठहराया। दूसरा लेटर उसने एसपी के नाम लिखा था। इसमें उसने पुलिस पर मारपीट करने और 20,000 रुपए रिश्वत न देने पर जेल भेजने की धमकी देने का आरोप लगाया। 
सीओ बिलग्राम रामसूरत सोनकर और नायब तहसीलदार पुरुषोत्तम ओझा मौके पर पहुंचे। सीओ ने फोन पर बबलू से बात की। उसे आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दिया। आश्वासन पर दोपहर करीब सवा 2 घंटे बाद बबलू बच्चों के साथ टावर से नीचे उतरा। सीओ ने बताया- मामले की जांच की जा रही है। आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ जांचकर कार्रवाई की जाएगी।




